पंचांग का अति प्राचीन काल से ही बहुत महत्त्व माना गया है | ज्योतिष शास्त्रों में भी पंचांग को बहुत महत्त्व दिया गया है और पंचाग का पठन एवं श्रवण अति शुभ माना गया है
पंडित उदय शंकर भट्ट
आज आपका दिन मंगलमयी हो, यही मंगलकामना है। ‘हिमशिखर खबर’ हर रोज की तरह आज भी आपके लिए पंचांग प्रस्तुत कर रहा है।
जीवन बहुत विरोधाभासी है। एक चुनौती तो यह है कि आप जिस परिणाम के लिए कुछ कर रहे होते हैं, नतीजा उसका उलटा मिलता है। फिर उस असफलता में वापस सफलता ढूंढना समझ और योग्यता मानी जाएगी। राम इस बात में बड़े अनूठे थे।
नारद ने राम की प्रशंसा में कहा था- रावनारि सुखरूप भूपबर। जय दसरथ कुल कुमुद सुधाकर ।। अपने बाहुबल से आपने पृथ्वी का बोझ हरा। खर-दूषण, विराध जैसों का वध करने में आप कुशल थे। सबसे बड़े शत्रु रावण को पराजित किया। अब नारद ने दो बातें और बोलीं। एक तो आप दशरथ की अद्भुत संतान हैं।
और दूसरा, सदैव आनंदस्वरूप हैं। तो राम एक तरफ योद्धा भी हैं, दूसरी तरफ बहुत अच्छे पुत्र हैं और तीसरी तरफ प्रसन्न व्यक्ति हैं। राम से यही सीखना है। जीवन में जब संघर्ष कर रहे हों तो आनंद न छोड़ें। आंतरिक प्रसन्नता भंग न होने दें। कौरवों-पांडवों की सेना जब आमने-सामने खड़ी थी, तब भी कृष्ण गीता बोल गए। जीवन में विरोधाभास तो आएगा, सकारात्मकता हमको निकालनी होगी।
भाद्रपद कृष्ण पक्ष दशमी, सिद्धार्थ संवत्सर विक्रम संवत 2082, शक संवत विश्वावसु 1947, श्रावण |
आज दशमी तिथि 05:22 PM तक उपरांत एकादशी | नक्षत्र म्रृगशीर्षा 02:06 AM तक उपरांत आद्रा | हर्षण योग 10:59 PM तक, उसके बाद वज्र योग | करण वणिज 06:22 AM तक, बाद विष्टि 05:23 PM तक, बाद बव 04:26 AM तक, बाद बालव | आज राहु काल का समय 07:43 AM – 09:19 AM है | आज 02:40 PM तक चन्द्रमा वृषभ उपरांत मिथुन राशि पर संचार करेगा
- विक्रम संवत – 2082, सिद्धार्थ
- शक सम्वत – 1947, विश्वावसु
- पूर्णिमांत – भाद्रपद
- अमांत – श्रावण
तिथि
- कृष्ण पक्ष दशमी – Aug 17 07:24 PM – Aug 18 05:22 PM
- कृष्ण पक्ष एकादशी – Aug 18 05:22 PM – Aug 19 03:32 PM
नक्षत्र
- म्रृगशीर्षा – Aug 18 03:17 AM – Aug 19 02:06 AM
- आद्रा – Aug 19 02:06 AM – Aug 20 01:07 AM
