महाराष्ट्र में आयकर विभाग की छापेमारी में 184 करोड़ रुपये से अधिक की बेहिसाबी आय का खुलासा हुआ

नई दिल्ली

Uttarakhand

आयकर विभाग ने मुंबई के दो रियल एस्टेट व्यापार समूहों और उनसे जुड़े कुछ व्यक्तियों/इकाइयों के खिलाफ तलाशी और जब्ती अभियान चलाया। तलाशी अभियान 07.10.2021 को शुरू हुआ और मुंबई, पुणे, बारामती, गोवा एवं जयपुर में फैले दोनों कंपनियों के लगभग 70 परिसरों में चलाया गया।

तलाशी के दौरान जुटाए गए सबूतों से प्रथम दृष्टया कई बेहिसाबी और बेनामी लेनदेन का खुलासा हुआ है। दोनों व्यापार समूहों की लगभग 184 करोड़ रुपये की बेहिसाबी आय से जुड़े अपराध सिद्ध करने वाले दस्तावेज बरामद किए गए।

छापेमारी से इन व्यापारिक समूहों द्वारा कई कंपनियों के साथ लेन-देन का पता चला है, जो प्रथम दृष्टया संदिग्ध प्रतीत होता है। निधियों के प्रवाह के प्रारंभिक विश्लेषण से संकेत मिलता है कि फर्जी शेयर प्रीमियम पेश करने, संदिग्ध असुरक्षित ऋण, कुछ सेवाओं के लिए अप्रमाणित अग्रिम की प्राप्ति, फर्जी विवादों से मिलीभगत वाले मध्यस्थता सौदों जैसे विभिन्न संदिग्ध तरीकों के माध्यम से समूह में बेहिसाब धन लाया गया। यह भी पाया गया कि धन का यह संदिग्ध प्रवाह महाराष्ट्र के एक प्रभावशाली परिवार की मिलीभगत से हुआ है।

Uttarakhand Uttarakhand

संदिग्ध तरीके से जुटाई गई धनराशि का उपयोग विभिन्न संपत्तियों के अधिग्रहण के लिए किया गया जैसे मुंबई के एक प्रमुख इलाके में कार्यालय भवन, दिल्ली के एक महंगे इलाके में फ्लैट, गोवा में रिसॉर्ट, महाराष्ट्र में कृषि भूमि और चीनी मिलों में निवेश। इन संपत्तियों का कुल बाजार मूल्य करीब 170 करोड़ रुपये है।

छापेमारी में 2.13 करोड़ रुपये की बेहिसाबी नकदी और 4.32 करोड़ रुपये के आभूषण जब्त किए गए हैं।

Uttarakhand UttarakhandUttarakhand

मामले में जांच की जा रही है।