भाजपा को जुलाई में नया राष्ट्रीय अध्यक्ष मिलने की संभावना है, जिसमें पहली महिला अध्यक्ष के रूप में निर्मला सीतारमण का नाम चर्चा में है. हालांकि, केशव प्रसाद मौर्य भी दावेदार माने जा रहे हैं.
हिमशिखर पोलिटिकल डेस्क
भारतीय जनता पार्टी (BJP) का अगला राष्ट्रीय अध्यक्ष कौन होगा? इस पर फिलहाल सस्पेंस बरकरार है, लेकिन उच्च पदस्थ सूत्रों ने संकेत दिए हैं कि बीजेपी एक ऐतिहासिक बदलाव की ओर बढ़ सकती है. सूत्रों के मुताबिक बीजेपी को पहली बार महिला राष्ट्रीय अध्यक्ष मिल सकती है. पार्टी के शीर्ष नेतृत्व के बीच पिछले कुछ समय से चर्चा चल रही है, जिसमें कई प्रमुख महिला नेताओं के नाम पर विचार किया जा रहा है. निर्मला सीतारमण इस समय देश की वित्त मंत्री हैं और राष्ट्रीय अध्यक्ष पद के लिए प्रबल दावेदारों में मानी जा रहीं हैं. ये फैसला संगठनात्मक संतुलन, महिला सशक्तिकरण और आगामी चुनावी रणनीतियों के लिहाज से बेहद अहम माना जा रहा है. ऐसा इसलिए भी माना जा रहा है कि भाजपा ने हाल के वर्षों में कई राज्यों में महिला मतदाताओं को लुभाने में सफलता पाई है.
निर्मला सीतारमण
वर्तमान वित्त मंत्री और पूर्व रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमण पार्टी संगठन में गहरी पैठ और केंद्र सरकार में लंबे अनुभव के चलते सबसे मजबूत दावेदार मानी जा रही हैं. हाल ही में उन्होंने भाजपा मुख्यालय में जेपी नड्डा और महासचिव बीएल संतोष के साथ बैठक की थी. उनका दक्षिण भारत से आना भाजपा के दक्षिण विस्तार रणनीति के लिए भी फायदेमंद माना जा रहा है.
डी पुरंदेश्वरी
आंध्र प्रदेश भाजपा की पूर्व अध्यक्ष डी पुरंदेश्वरी काफी अनुभवी और बहुभाषी नेता हैं। कई राजनीतिक दलों के साथ काम करने का अनुभव और पार्टी में व्यापक स्वीकार्यता है। उन्हें ऑपरेशन सिंदूर जैसे अंतरराष्ट्रीय कूटनीतिक अभियान का हिस्सा भी बनाया गया था।
वनाथी श्रीनिवासन
तमिलनाडु की कोयंबटूर दक्षिण सीट से विधायक और भाजपा महिला मोर्चा की राष्ट्रीय अध्यक्ष रह चुकी वनाथी श्रीनिवासन 1993 से भाजपा से जुड़ीं और संगठन में कई पदों पर रही हैं. 2022 में केंद्रीय चुनाव समिति की सदस्य बनीं और ऐसा करने वाली पहली तमिल महिला नेता.
जुलाई में बीजेपी को मिल सकता है नया अध्यक्ष
बता दें कि बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष के चुनाव में अत्यधिक देरी देश की राजनीति में इस वक्त बड़ी चर्चा का विषय बना हुआ है. संसद तक में भी इस मुद्दे पर चुटकियां ली जा चुकी हैं. मौजूदा अध्यक्ष और केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा का कार्यकाल 2023 के जनवरी में ही खत्म हो गया था. फिर लोकसभा चुनावों की वजह से उनका कार्यकाल जून, 2024 तक बढ़ाया गया. फिर हरियाणा, महाराष्ट्र, जम्मू और कश्मीर के साथ-साथ दिल्ली विधानसभा चुनावों की वजह से उनके कार्यकाल को विस्तार मिलता रहा. बाद में संगठनात्मक चुनावों में देरी से यह चुनाव टलता गया. लेकिन, अब जब अधिकतर राज्यों में संगठनात्मक चुनाव हो चुके हैं, ऐसे में पार्टी सूत्रों का कहना है कि इस महीने पार्टी को नया राष्ट्रीय अध्यक्ष मिल जाएगा.