आज का पंचांग : मिथुन संक्रांति और सोमवती अमावस्या के साथ खत्म हो रहा पुरुषोत्तम अधिकमास

पंचांग का अति प्राचीन काल से ही बहुत महत्त्व माना गया है | ज्योतिष शास्त्रों में भी पंचांग को बहुत महत्त्व दिया गया है और पंचांग का पठन एवं श्रवण अति शुभ माना गया है.

पंडित उदय शंकर भट्ट

आज आपका दिन मंगलमयी हो, ‘हिमशिखर खबर‘ हर रोज की तरह आज भी आपके लिए पंचांग प्रस्तुत कर रहा है.

आज (सोमवार, 15 जून) ज्येष्ठ अधिकमास की अमावस्या है, इस तिथि के साथ अधिकमास खत्म हो जाएगा और फिर ज्येष्ठ शुक्ल पक्ष शुरू होगा। जब सोमवार को अमावस्या पड़ती है, तो उसे सोमवती अमावस कहते हैं। आज मिथुन संक्रांति भी है। ज्योतिष में सूर्य के राशि बदलने की घटना को संक्रांति कहते है, आज सूर्य वृष से मिथुन राशि में प्रवेश करेगा। अधिकमास की अंतिम तिथि और मिथुन संक्रांति का योग होने से आज किए गए धर्म-कर्म अक्षय पुण्य प्रदान करेंगे। अक्षय पुण्य यानी ऐसा पुण्य जिसका शुभ असर जीवनभर बना रहता है, ऐसी मान्यता है। आज दान, नदी स्नान, मंत्र जप, पूजा और पितरों के निमित्त धूप-ध्यान करें।

आज का पंचांग

सूर्योदय एवं चन्द्रोदय
सूर्योदय05:36 ए एमसूर्यास्त07:29 पी एम
चन्द्रोदयचन्द्रोदय नहींचन्द्रास्त08:02 पी एम
पञ्चाङ्ग
तिथिअमावस्या – 08:23 ए एम तकनक्षत्रमृगशिरा – 07:08 पी एम तक
प्रतिपदा – 04:30 ए एम, जून 16 तकआर्द्रा
द्वितीयाकरणनाग – 08:23 ए एम तक
योगशूल – 08:56 ए एम तककिंस्तुघ्न – 06:26 पी एम तक
गण्ड – 04:39 ए एम, जून 16 तकबव – 04:30 ए एम, जून 16 तक
वृद्धिबालव
वारसोमवार  
पक्षकृष्ण पक्ष  
चन्द्र मास, सम्वत एवं बृहस्पति संवत्सर विक्रम सम्वत 2083 का मन्त्री मण्डल
विक्रम सम्वत2083 रौद्रबृहस्पति संवत्सररौद्र – 03:53 पी एम, अप्रैल 21, 2026 तक
शक सम्वत1948 पराभवरौद्र
गुजराती सम्वत2082 पिङ्गलचन्द्रमासज्येष्ठ (पुरुषोत्तम अधिक) – पूर्णिमान्त
प्रविष्टे/गते1ज्येष्ठ (पुरुषोत्तम अधिक) – अमान्त
राजागुरु – शासन व्यवस्था के स्वामीसेनाधिपतिचन्द्र – रक्षा मन्त्री एवं सेनानायक
मन्त्रीमंगल – नीतियों एवं प्रशासन के स्वामीधान्याधिपतिबुध – रबी की फसलों के स्वामी
सस्याधिपतिगुरु – खरीफ की फसलों के स्वामीमेघाधिपतिचन्द्र – मेघ एवं वर्षा के स्वामी
धनाधिपतिगुरु – धन एवं कोष के स्वामीनीरसाधिपतिगुरु – धातु, खनिज आदि के स्वामी
रसाधिपतिशनि – रस एवं द्रव पदार्थों के स्वामीफलाधिपतिचन्द्र – फल-पुष्पादि के स्वामी
राशि तथा नक्षत्र
चन्द्र राशिवृषभ – 08:40 ए एम तकनक्षत्र पदमृगशिरा – 08:40 ए एम तक
मिथुनमृगशिरा – 01:54 पी एम तक
सूर्य राशिवृषभ – 12:59 पी एम तकमृगशिरा – 07:08 पी एम तक
मिथुनआर्द्रा – 12:23 ए एम, जून 16 तक
सूर्य नक्षत्रमृगशिराआर्द्रा
सूर्य नक्षत्र पदमृगशिरा – 12:59 पी एम तक  
मृगशिरा  
ऋतु तथा अयन
द्रिक ऋतुग्रीष्मदिनमान13 घण्टे 53 मिनट्स 08 सेकण्ड्स
वैदिक ऋतुग्रीष्मरात्रिमान10 घण्टे 06 मिनट्स 57 सेकण्ड्स
द्रिक अयनउत्तरायणमध्याह्न12:33 पी एम
वैदिक अयनउत्तरायण  
शुभ समय
ब्रह्म मुहूर्त04:15 ए एम से 04:56 ए एमप्रातः सन्ध्या04:35 ए एम से 05:36 ए एम
अभिजित मुहूर्त12:05 पी एम से 01:00 पी एमविजय मुहूर्त02:52 पी एम से 03:47 पी एम
गोधूलि मुहूर्त07:28 पी एम से 07:48 पी एमसायाह्न सन्ध्या07:29 पी एम से 08:30 पी एम
अमृत काल11:28 ए एम से 12:52 पी एमनिशिता मुहूर्त12:13 ए एम, जून 16 से 12:53 ए एम, जून 16
सर्वार्थ सिद्धि योग05:36 ए एम से 07:08 पी एमअमृत सिद्धि योग05:36 ए एम से 07:08