कुम्भ मेला पुलिस ने चलाया हरकी पौड़ी को भिक्षुक मुक्त बनाने का अभियान

हरिद्वार: कुंभ मेला पुलिस द्वारा हर की पैड़ी एवं आसपास के क्षेत्र को भिक्षुक मुक्त बनाने का अभियान चलाया गया। लेकिन कुंभ मेला पुलिस द्वारा चलाया गया यह अभियान अपने आप में अनोखा और मानवीय संवेदनाओं से परिपूर्ण था।

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आज तक के इतिहास में हर की पैड़ी को जब भी भिक्षुक मुक्त बनाने का अभियान चलाया गया है तो वह अभियान मात्र भिक्षुकों को पकड़कर भिक्षुक गृह में दाखिल करने तक ही सीमित रहा है।

जिसका परिणाम यह होता है कि पकड़े गए भिखारी भिक्षुक गृह की अभिरक्षा अवधि खत्म होने के बाद जैसे ही छूटते थे तो वापस हर की पैड़ी पर आकर भिक्षावृत्ति में लिप्त हो जाते थे और हर की पैड़ी फिर से भिखारियों से गुलजार नजर आने लगती थी।

लेकिन यह अभियान अशोक कुमार पुलिस महानिदेशक उत्तराखंड पुलिस की मानवीय पहल भिक्षा नही शिक्षा की अगली कड़ी के तौर पर चलाया गया। अभियान का उद्देश्य पकड़े गए भिक्षुक के जीवन में इस प्रकार का परिवर्तन लाना था, जिससे कि वह भिक्षावृत्ति त्याग कर सम्मानजनक जीवन जीने के लिए प्रेरित हो।

अभियान का नेतृत्व संजय गुंज्याल पुलिस महानिरीक्षक कुम्भ मेला 2021 हरिद्वार को सौंपा गया।
अभियान की रूपरेखा विगत सप्ताह से ही पुलिस महानिरीक्षक कुम्भ मेला के मेला नियंत्रण भवन स्थित कार्यालय में बननी शुरू हो गई, जिसके अंतर्गत विभिन्न सरकारी विभागों, धार्मिक एवं समाजसेवी संस्थाओं से तालमेल बनाते हुए भिक्षुकों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने पर मंथन हुआ।

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निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार सर्वप्रथम अभियान से जुड़े अधिकारीगण को अलग-अलग उत्तरदायित्व सौंपें गए। राजन सिंह अपर पुलिस अधीक्षक कुंभ मेला 2021 को पकड़े गए भिक्षुकों का न्यायालय से रिमांड प्राप्त करने एवं अन्य वैधानिक कार्रवाईयों को समय से कराने की जिम्मेदारी दी गई।

वीरेंद्र डबराल पुलिस उपाधीक्षक को स्वास्थ्य विभाग से समन्वय स्थापित करते हुए पकड़े गए भिक्षुकों का कोरोना से संबंधित रैपिड एंटीजन टेस्ट करवाने का उत्तरदायित्व दिया गया।

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निरीक्षक कैलाश चंद्र भट्ट को भिक्षुकों की शेविंग कटिंग कराने हेतु सैलून से वोलियेन्टर हेयर एक्सपर्ट को लाने की जिम्मेदारी दी गई।श्री बड़ा उदासीन अखाड़ा एवं आईटीसी कंपनी से भिक्षुकों के लिए इनर थर्मल वियर, नए गर्म कपड़े एवं कंबल दान कराने की व्यवस्था कराई गई।