रामजन्मभूमि आंदोलन से जुड़े आचार्य धर्मेंद्र का निधन

हिमशिखर खबर ब्यूरो

Uttarakhand

जयपुर

रामजन्म भूमि आंदोलन के अग्रणी संत आचार्य धर्मेंद्र का सोमवार को निधन हो गया है। उनके निधन के समाचार से धर्मक्षेत्र के लोगों के बीच शोक की लहर है। आचार्य धर्मेंद्र जयपुर के एसएमएस हॉस्पिटल के 20 दिनों से आईसीयू में भर्ती थे। बताया जा रहा है कि लंबे समय से वह आंत की बीमारी से पीड़ित थे।

राम जन्मभूमि आंदोलन के बाद वह गौ रक्षा के लिए भी बेहद सक्रिय थे और 52 दिन तक अनशन भी किया था। आचार्य धर्मेन्द्र का 1966 के गोरक्षा आन्दोलन में, श्री राम जन्मभूमि मुक्ति आन्दोलन में और कई जनजागरण यात्राओं में अहम योगदान रहा है।

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एसएमएस अस्पताल में स्वामी धर्मेन्द्र को वेंटिलेटर पर रखा गया था। कुछ समय पहले तबीयत ज्यादा खराब होने पर उन्हें वेंटिलेटर के सहारे इलाज दिया जा रहा था। उनकी स्थिति दिन-ब-दिन लगातार बिगड़ती जा रही थी। उन्होंने सोमवार सुबह दम तोड़ दिया। पिछले एक महीने से वे अस्पताल के आईसीयू में भर्ती थे और इसी बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी उनके स्वास्थ्य के बारे में जानकारी ली थी। विहिप के मार्गदर्शक मण्डल में रहे आचार्य स्वामी धर्मेंद्र रामजन्मभूमि आंदोलन के बड़े चेहरों में से एक थे।