जाखणीधार: जल जीवन मिशन कार्यों पर विधायक किशोर उपाध्याय ने उठाये सवाल, सीएम और प्रभारी मन्त्री को लिखा पत्र

नई टिहरी।

Uttarakhand

जाखणीधार विकास खण्ड में पेयजल के गम्भीर संकट और जल जीवन मिशन के लगभग 11 करोड़ की योजनाओं के कार्यों में व्याप्त अनियमितताओं के सम्बन्ध में विधायक किशोर उपाध्याय ने मुख्यमंत्री और प्रभारी मन्त्री को पत्र लिखकर कार्रवाई हेतु लिखा है। उपाध्याय ने पत्र में लिखा है किः-

“जल, जीवन, मिशन  प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की हर घर तक शुद्ध पेयजल उपलब्ध करवाने की महत्वकांक्षी योजना है।

जलं ददाति जीवनम्, जल ही जीवन देता है।

मैंने राज्य और टिहरी के सरोकारों को लेकर जब लम्बी भूख हड़ताल की और जल ग्रहण न करने का अल्टीमेटम दिया तो राज्य के वरिष्ठ चिकित्सकों के प्रतिनिधि मण्डल ने मुझे ऐसा न करने की सलाह दी और कहा कि तीन दिन के बाद पानी न लेने से शरीर का कोई भी vital organ फेल हो सकता है। जीवन संकट में पड़ सकता है।

 

प्राण वायु के बाद जल और उसके बाद अन्न के बिना जीवन सम्भव नहीं है।

Uttarakhand Uttarakhand

प्रधानमन्त्री मोदी इस बात को भली-भाँति जानते हैं और गुजरात के मुख्यमंत्री के रूप में उन्होंने जल-प्रबन्धन को ही प्राथमिकता दी, जो मोदी माडल के रूप में विख्यात है।

आप विज्ञ हैं, टिहरी पावर हाउस जाखणीधार में स्थित है, टिहरी बाँध की आधारशिला भी जाखणीधार ही है।

अत्यन्त दुःख का विषय है कि लगभग 11 करोड़ खर्च करने के बाद भी यहाँ के निवासी बूँद-बूँद पानी को तरस रहे हैं।

यह पैसा कहाँ गया है? यक्ष प्रश्न है।

हमारी राज्य सरकार यशस्वी मुख्यमंत्री पुष्कर धामी के नेतृत्व में ज़ीरो टोलरेंश की भावना से कार्य कर रही है और राजधानी से सटे जिले की यह हालत हो तो, दुःख का विषय है।

Uttarakhand UttarakhandUttarakhand

मेरा आपसे आग्रह है कि इस प्रकरण पर सम्बन्धित दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई की जाय और यहाँ के निवासियों को शुद्ध जल उपलब्ध करने की व्यवस्था की जाय।”